Shankracharya Avimukteshwranand:वाराणसी में शुक्रवार (30 जनवरी) को शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर योगी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हमसे शंकराचार्य होने का सबूत मांगा गया। हमसे कहा गया कि 24 घंटे के अंदर बताएं। फिर कहा गया कि क्यों न मेले में प्रवेश से ही वंचित कर दिया जाए? हमने उन्हें जवाब दे दिया है 24 घंटे के अंदर जवाब मांगा गया था और हमारे दिए जवाब को अब तक उन्होंने नहीं काटा है इसका मतलब उन्हें हमारी बात सही लगी।
प्रयागराज में स्नान के सवाल पर उन्होंने कहा कि अब वह बात पीछे छूट गई है अब बात असली हिंदू नकली हिंदू की है। अधिकारियों की तरफ से यह बात आई थी लेकिन उसके लिए वह आगे आए नहीं और हमें बहुत बात कहना चाह रहे थे लेकिन हमने स्वीकार नहीं किया।
'हमारी छवि को धूमिल करने के प्रयास'
उन्होंने पत्र जारी कर कहा कि धर्म और सत्ता की निर्णायक परीक्षा का अब दौर आ चुका है। उन्होंने कहा कि धर्मसम्राट स्वामी करपात्री जी महाराज सहित प्रमुख सनातनियों पर भी तरह-तरह के अत्याचार किये और अब उसी आवाज को बुलन्द करने के कारण हमें और हमारा इस कार्य में सहयोग कर रहे गोभक्तों पर भांति भांति के अत्याचार और अन्याय हो रहे हैं। जिन्हें आप सब देख ही रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारी छवि को सनातनी जनता के बीच धूमिल करने के तरह-तरह के प्रयास किये जा रहे हैं। इन सबका नेतृत्व योगी आदित्यनाथ अपने विश्वस्तों रामभद्राचार्य आदि के माध्यम से कर रहे हैं।
सीएम योगी से मांगा हिंदू होने का प्रमाण
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि इन सबसे विचलित न होते हुए हम समस्त सनातनियों के सहित गौरक्षा के अपने संङ्कल्प को दृढतापूर्वक बढ़ाते रहेंगे। योगी आदित्यनाथ से हमारा कहना है कि हमारा प्रमाण पत्र तो आपने मांग लिया, अब मुख्यमंत्री जी को देना होगा अपने 'हिन्दू' होने का प्रमाण। उन्होंने शंकराचार्य होने की प्रमाणिकता मांगे जाने पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि धर्म सत्ता प्रमाण पत्रों की मोहताज नहीं है, किन्तु सता को अब अपनी धार्मिक निष्ठा सिद्ध करनी होगी।
सीएम योगी पर तीखा हमला
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री आदित्यनाथ जी, आपने हमसे हमारे पद और परम्परा का प्रमाण पत्र मांगा। हमने सहज भाव से वह आपको सौंप दिया क्योंकि सत्य को साक्ष्य से भय नहीं होत किंतु अब समय प्रमाण देने का नहीं बल्कि आपके प्रमाण देने का है। सम्पूर्ण सनातनी समाज अब आपसे आपके हिन्दू होने का साक्ष्य मांगता है। उन्होंने आगे कहा कि हिंदू होना केवल भाषणों या भगवे तक सीमित नहीं है। इसकी कसोटी गो-सेवा और धर्म-रक्षा है।