Women reservation law 2023: देशभर की महिलाओं को आज प्रधानमंत्री मोदी ने बड़ा तोहफा दिया है। देशभर की महिलाओं के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला किया है। जी हां, देश में आज से 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू हो गया है। केंद्र सरकार ने संसद में ‘महाबहस’ के बीच आधी रात को नोटिफिकेशन जारी करके संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत सीटें रिजर्व करने की घोषणा कर दी है। साल 2023 में महिला आरक्षण कानून बना था, जो आज 17 अप्रैल 2026 से लागू हो गया।
परिसीमन होने के बाद ही आरक्षण मिलेगा
केंद्रीय कानून मंत्रालय के नोटिफिकेशन के अनुसार, 17 अप्रैल 2026 से संविधान (106वां संशोधन) अधिनियम 2023 के प्रावधान लागू हो गए हैं। न्यूज एजेंसी PTI की रिपोर्ट के अनुसार, एक अधिकारी ने बताया कि तकनीकी कारणों से कानून को लागू कर दिया गया है, लेकिन आरक्षण लागू होते ही लोकसभा में महिलाओं को आरक्षण नहीं मिल जाएगा। आरक्षण के लिए पहले नई जनगणना के आधार पर विधानसभा औ संसदीय क्षेत्रों का परिसीमन (डिलिमिटेशन) किया जाएगा।
लोकसभा की सीटें 543 से 850 हो जाएंगी
केंद्र सरकार ने सितंबर 2023 में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पारित किया था, जिसे महिला आरक्षण अधिनियम भी कहते हैं। यही अधिनियम आज 17 अप्रैल से लागू किया गया है, जिसके तहत 2029 तक लोकसभा में सीटों की संख्या को 543 से बढ़ाकर 850 करने का प्रावधान है। इसमें से 35 सीटें देश के केंद्रशासित प्रदेशों के लिए और बाकी अन्य राज्यों के लिए होंगी। वहीं साल 2029 का लोकसभा चुनाव जीत सरकार बनाने के लिए पार्टी या गठबंधन को 400 से ज्यादा का बहुमत चाहिए।
महिला आरक्षण पर क्या बोले PM मोदी?
बता दें कि संसद के विशेष सत्र में केंद्र सरकार ने 3 बिल संविधान संशोधन, परिसीमन और केंद्रशासित प्रदेश कानून पेश किए थे, जिन पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच 15 से ज्यादा घंटे बहस चली। आज तीनों बिलों पर वोटिंग भी होनी है, लेकिन वोटिंग से पहले ही महिला आरक्षण लागू कर दिया गया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश के आज तक के इतिहास का सबसे बेहतरीन फैसला लिया गया है। यह 25-30 साल पहले लिया जाना चाहिए था, लेकिन आज फैसला लेकर गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं।