<rss xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/" xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/" xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/" xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/" xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/" xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/" version="2.0"><channel><title>Janta Tv</title><atom:link href="https://www.jantatv.com/rss-feed" rel="self" type="application/rss+xml" /><link>https://www.jantatv.com/</link><description/><lastBuildDate>Sat, 19 Sep 2026 21:56:30 +0530</lastBuildDate><language>en-US</language><sy:updatePeriod>hourly</sy:updatePeriod><sy:updateFrequency>1</sy:updateFrequency><generator>https://www.jantatv.com</generator><item><title><![CDATA[Mamata Banerjee को बड़ा झटका! नंदीग्राम के बाद रेजीनगर उम्मीदवार ने भी वापस लिया नामांकन]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/major-setback-for-mamata-banerjee-after-nandigram-rejinagar-candidate-has-also-withdrawn-their-nomination</link><pubDate>Sat, 19 Sep 2026 14:28:49 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/major-setback-for-mamata-banerjee-after-nandigram-rejinagar-candidate-has-also-withdrawn-their-nomination</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639254249294551518.jpg"> 

पश्चिम बंगाल में विधानसभा उपचुनाव से पहले तृणमूल कांग्रेस के भीतर चल रहा विवाद लगातार चर्चा में है. मुर्शिदाबाद की रेजीनगर सीट से ममता बनर्जी के गुट के उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने अपना नामांकन वापस ले लिया है. उन्होंने कहा कि चुनाव में अब ज्यादा समय नहीं बचा है और नए चुनाव चिन्ह के साथ मतदाताओं तक पहुंचना मुश्किल होगा.

कार्यकर्ताओं की कमी का भी किया जिक्र

नामांकन वापस लेने के बाद रबीउल आलम चौधरी ने कहा कि चुनाव प्रचार के लिए उनके पास पर्याप्त कार्यकर्ता नहीं बचे हैं. उनका कहना है कि इसका असर बूथ पर एजेंट लगाने और चुनाव से जुड़े कामों पर भी पड़ सकता है. उन्होंने कुछ कार्यकर्ताओं के पीछे हटने की वजह प्रशासन का डर बताया। हालांकि, इस आरोप की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है.

नंदीग्राम में भी उम्मीदवार ने नामांकन वापस लिया

इससे पहले नंदीग्राम सीट से ममता बनर्जी के गुट की उम्मीदवार संचिता प्रधान डे ने भी अपना नामांकन वापस ले लिया था. इसके बाद ममता बनर्जी ने नंदीग्राम में कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन देने की घोषणा की थी. बाद में कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान की गिरफ्तारी की खबर सामने आई. पुलिस के मुताबिक, यह गिरफ्तारी एक पुराने मामले से जुड़े वारंट के आधार पर हुई.

TMC के नाम और चुनाव चिन्ह पर विवाद

तृणमूल कांग्रेस के भीतर दो गुटों के बीच पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह को लेकर विवाद चल रहा है. दोनों पक्ष खुद को पार्टी की असली इकाई बताते हुए चुनाव आयोग के सामने अपना दावा रख चुके हैं. 17 सितंबर को चुनाव आयोग ने अंतरिम आदेश जारी करते हुए दोनों गुटों को &lsquo;All India Trinamool Congress&rsquo; नाम और पारंपरिक &lsquo;फूल और घास&rsquo; चुनाव चिन्ह के इस्तेमाल से रोक दिया था. आयोग ने दोनों पक्षों से अलग नाम और नए चुनाव चिन्ह के विकल्प मांगे थे.
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639254249294551518.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[19 सितंबर की महत्त्वपूर्ण घटनाएं ]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/significant-events-of-september-19</link><pubDate>Sat, 19 Sep 2026 14:18:49 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/significant-events-of-september-19</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639254243295374349.jpg"> 

1891 - विलियम शेक्सपीयर के प्रसिद्ध नाटक &ldquo;मर्चेंट आॅफ वेनिस&rdquo; का मैनचेस्टर में पहली बार मंचन किया गया।

1893 - स्वामी विवेकानंद ने शिकागो (अमेरिका) के विश्व धर्मसंसद में ऐतिहासिक भाषण दिया।

1893 - न्यूजीलैंड में निर्वाचन अधिनियम 1893 के तहत सभी महिलाओं को मतदान का अधिकार दिया गया।

1955 - अर्जेंटीना की सेना और नौसेना ने विद्रोह कर राष्ट्रपति जुआन पेरोन को पद से हटाया।

1957 - अमेरिका ने नेवादा के रेगिस्तान में पहला भूमिगत परमाणु परीक्षण किया।

1962 - भारत की उत्तरी सीमा पर चीन द्वारा आक्रमण।

1982 - स्कॉट फाहमैन ऑनलाइन संदेश का इस्तेमाल करने वाले पहले व्यक्ति बने।

1983 - ब्रिटिश उपनिवेश कैरीबियन द्वीप, सेंट किट्स एवं नेविस स्वतंत्र।

1988 - इस्राइल ने परीक्षण उपग्रह होरिजोन-आई का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया।

1996 - एलिजा इजेत्बोगोविक युद्धोत्तरकालीन बोस्निया के प्रथम राष्ट्रपति बने।

2000 - कर्नम मल्लेश्वरी ने आेलंपिक में भारोत्ताेलन स्पर्धा में कांस्य पदक जीता।

2002 - इस्रायल के सैनिकों ने पश्चिमी किनारे पर फ़िलिस्तीन नेता यासिर अराफ़ात की घेराबंदी की।

2006 - थाईलैड़ में सैन्य तख्तापलट, जनरल सुरायुद प्रधानमंत्री बने।

2007 - साइबर वॉर की सम्&zwj;भावना को देखते हुए अमेरिकी एयरफ़ोर्स ने अस्&zwj;थायी कमांड का गठन किया।

2014 - एप्पल आईफोन 6 की बिक्री शुरु हुई।

1958 - लकी अली - भारतीय गायक, संगीतकार और अभिनेता।

1965 - सुनीता विलियम्स - अंतरिक्ष एजेंसी &#39;नासा&#39; के माध्यम से अंतरिक्ष जाने वाली भारतीय मूल की दूसरी महिला।

1977 - आकाश चोपड़ा - भारतीय क्रिकेटर।

1927 - कुंवर नारायण - हिन्दी भाषा के प्रसिद्ध और सम्मानित कवि।

1886 - सैयद फ़ज़ल अली - भारतीय न्यायाधीश थे जो असम और उड़ीसा के राज्यपाल रहे।

1867 - श्रीपाद दामोदर सातवलेकर - बीसवीं शताब्दी के भारतीय सांस्कृतिक उन्नयन में विशेष योगदान देने वाले विद्वान।

]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639254243295374349.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[दिल्ली में फर्जी इंटरनेशनल कॉल सेंटर का भंडाफोड़, साइबर पुलिस ने 23 आरोपियों को दबोचा]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/delhi-fake-international-call-centre-busted-23-arrested-cyber-police</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 16:59:31 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/delhi-fake-international-call-centre-busted-23-arrested-cyber-police</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253475717244151.jpg"> 

Delhi Crime News: वेस्ट दिल्ली में विदेशी नागरिकों को निशाना बनाकर चलाए जा रहे कथित फर्जी इंटरनेशनल कॉल सेंटर नेटवर्क पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। डीसीपी वेस्ट हरेश्वर स्वामी की निगरानी में साइबर पुलिस और इंस्पेक्टर स्पेशल स्टाफ राजेश मौर्या की टीम ने मीनाक्षी गार्डन, अजय एन्क्लेव और कीर्ति नगर में एक साथ छापेमारी कर 23 आरोपियों को गिरफ्तार किया।

पुलिस के मुताबिक, आरोपी Apple/iOS और Microsoft टेक्निकल सपोर्ट के कर्मचारी बनकर अमेरिकी, कनाडाई और यूरोपीय नागरिकों से संपर्क करते थे। फर्जी पॉप-अप, सिक्योरिटी अलर्ट और अनधिकृत ट्रांजैक्शन का डर दिखाकर पीड़ितों से 149, 249 और 499 अमेरिकी डॉलर तक की रकम वसूली जाती थी।

जांच में Google Voice, X-Lite, EyeBeam, MicroSIP और UltraViewer जैसे ऐप्स के इस्तेमाल का भी खुलासा हुआ है। पुलिस ने मौके से 27 लैपटॉप, 28 मोबाइल फोन, 11 राउटर, 36 हेडफोन, 25 अडैप्टर, ₹79,200 कैश और Thar व Grand Vitara समेत दो गाड़ियां बरामद की हैं। अब बरामद डिजिटल डिवाइस की जांच के जरिए पुलिस पूरे नेटवर्क, आरोपियों की भूमिका और विदेशी नागरिकों से जुड़े वित्तीय लेनदेन की कड़ियां खंगाल रही है।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253475717244151.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[क्या है निठारी कांड? मुख्य आरोपी रहे सुरेंद्र कोली ने हरिद्वार में की खुदकुशी]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/nithari-kand-surendra-koli-suicide-haridwar-case</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 14:15:17 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/nithari-kand-surendra-koli-suicide-haridwar-case</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253377170359514.jpg"> 

Surendra Koli Suicide: नोएडा के निठारी कांड में आरोपी रहे सुरेंद्र कोली ने शुक्रवार को हरिद्वार में सुसाइड कर लिया। कई वर्षों तक चली जांच के बाद सुरेंद्र कोली बाद में बरी हो गया था। साल 2025 में सुरेंद्र कोली सुप्रीम कोर्ट से बरी हुआ था। मामले में बरी होने के बाद सुरेंद्र कोली हरिद्वार में रह रहा था। हरिद्वार में रहकर पिछले कुछ दिनों से वह चाय बेचने का काम कर रहा था।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, कोली का शव उसकी चाय की दुकान के अंदर एक रस्सी से लटका मिला। वह अल्मोड़ा का रहने वाला था। उसका शव मिलने के बाद उसके परिवार को जानकारी दे दी गई है। साथ ही पुलिस ने इस मामले में जांच शुरू कर दी।

पुलिस को जानकारी मिली थी कि सप्त सरोवर रोड पर लालमाता मंदिर के सामने एक चाय की दुकान में एक युवक ने फांसी लगा ली। जिसके बाद पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। जांच-पड़ताल करने के बाद उसकी पहचान सुरिंदर कोली के रूप में हुई।

शुरुआती जांच से पता चला है कि वह कुछ महीनों से हरिद्वार में रह रहा था और किराए पर चाय की दुकान चला रहा था। पुलिस ने बताया कि दुकान से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।

क्या है निठारी कांड?

निठारी हत्याकांड दिसंबर 2006 में सामने आया था। नोएडा के निठारी इलाके में बिजनेसमैन मोहिंदर सिंह पंढेर के घर के पीछे एक नाले में बच्चों के कंकाल मिले थे। पंढेर और उसके घर पर घरेलू काम करने वाले सुरेंद्र कोली को गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में बताया गया था कि कम से कम 19 बच्चों की हत्या की गई थी।

सीबीआई ने कोली के खिलाफ मर्डर, किडनैप, रेप और सबूत मिटाने जैसे आरोपों में कई केस दर्ज किए थे। पंढेर पर अनैतिक तस्करी से जुड़े एक केस में आरोप लगाए गए थे। 2009 और 2017 के बीच कोली को बच्चों के रेप और हत्या से जुड़े 12 केसों में दोषी ठहराया गया था और मौत की सजा सुनाई गई थी। जिनसे बाद में बरी कर दिया गया था।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253377170359514.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[कैटरीना ने प्रेग्नेंसी के बाद स्किन बदलाव पर की बात, बोलीं- खूबसूरती से ज्यादा जरूरी...]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/katrina-kaif-pregnancy-skin-changes-body-shaming-self-care</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 13:56:44 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/katrina-kaif-pregnancy-skin-changes-body-shaming-self-care</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253366043798405.jpg"> 

Katrina Kaif: बॉलीवुड एक्ट्रेस कैटरीना कैफ इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में हैं। हाल ही में गणपति उत्सव के दौरान वो मां बनने के बाद लंबे समय बाद पब्लिक अपीयरेंस में नजर आईं। एक्ट्रेस ने नवंबर 2025 में पति विक्की कौशल के साथ अपने बेटे विहान का वेलकम किया था। इस दौरान सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने कैटरीना की प्रेग्नेंसी से पहले और बाद की तस्वीरें शेयर कर उनके लुक्स की तुलना की और उनके बॉडी को लेकर कमेंट किए, जिसके बाद एक्ट्रेस को बॉडी शेमिंग का भी सामना करना पड़ा।

कैटरीना कैफ ने पोस्टपार्टम स्किन चेंज पर की बात

वहीं, हाल ही में &#39;द हॉलीवुड रिपोर्टर इंडिया&#39; को दिए इंटरव्यू में कैटरीना ने प्रेग्नेंसी के बाद अपनी स्किन में आए बदलावों के बारे में बात की। उन्होंने ये भी बताया कि उनके लिए अपना सबसे अच्छा दिखना आखिर क्या मायने रखता है। एक्ट्रेस ने कहा, &#39;प्रेग्नेंसी के बाद मेरी स्किन और भी ज्यादा सेंसिटिव हो गई थी। ये मेरे लिए काफी मुश्किल समय था, क्योंकि मुझे समझना था कि कौन से प्रोडक्ट्स मेरी स्किन के लिए सही हैं। मैं ऐसे प्रोडक्ट्स की तलाश में थी, जो मेरी स्किन को सुकून दें और उसे फिर से बेहतर बनाने में मदद करें।&#39;

कैटरीना के लिए क्या है खूबसूरती का मतलब?

कैटरीना कैफ ने ये भी बताया कि बॉलीवुड में आने के बाद से उनके लिए सबसे खूबसूरत दिखने का मतलब काफी बदल गया है। उन्होंने कहा, &#39;जब मैंने मॉडलिंग और एक्टिंग की शुरुआत की थी, तब खूबसूरती को लेकर कई तरह के तय मानक थे। लेकिन अब मेरे लिए अपना सबसे अच्छा दिखना, सबसे अच्छा महसूस करने से जुड़ा है। और अच्छा महसूस करने के लिए मैं खुद का पूरी तरह ख्याल रखने पर ध्यान देती हूं।&#39;

कैसे रखती हैं अपना ख्याल

कैटरीना कैफ ने आगे बताया कि वो खुद को बेहतर महसूस करने के लिए किन चीजों का ध्यान रखती हैं। उन्होंने कहा, &#39;हेल्दी डाइट लेना, शरीर में सूजन को कंट्रोल में रखना, एक्टिव रहना, मेडिटेशन करना, सुबह एक घंटे फोन से दूर रहना और सुबह उठते ही नेचुरल लाइट लेना, इन सभी चीजों से मुझे काफी फर्क महसूस होता है। इसका असर मेरी स्किन पर भी नजर आता है। मेरा मानना है कि जब आप अंदर से स्वस्थ महसूस करते हैं, तो आपका कॉन्फिडेंस अपने आप बाहर भी नजर आता है।&#39;

कैटरीना ने कहा, &#39;परिवार और दोस्तों के साथ खाली समय बिताना हमेशा आपको खुद से जुड़ने और बैलेंस बनाने में मदद करता है। मेरे लिए कभी-कभी खुद को काम से दूर करना और पूरी तरह स्विच ऑफ करना जरूरी होता है।&#39;
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253366043798405.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[iPhone 18 Pro का इंतजार खत्म, बिक्री शुरू होते ही दिखा जबरदस्त क्रेज, जानिए आखिर इसमें क्या है खास?]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/iphone-18-pro-pro-max-sale-started-features-price-demand</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 13:47:56 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/iphone-18-pro-pro-max-sale-started-features-price-demand</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253360768058239.jpg"> 

iPhone 18 Pro: अमेरिका की दिग्गज टेक कंपनी Apple के लेटेस्ट आईफोन 18 Pro और Pro Max की बिक्री आज से शुरू हो गई है। कंपनी के भारत में छह स्टोर हैं। इनमें मुंबई में दो और दिल्ली, नोएडा, बेंगलुरु और पुणे में एक-एक स्टोर है। कल रात से ही लोग इनके बाहर जुटने शुरू हो गए थे। दुनियाभर में इनकी इतनी डिमांड है कि भारत में आईफोन की दो फैक्ट्रियां चौबीसों घंटे काम कर रही है। हालांकि Apple का पहला फोल्डेबल फोन Duo भारत में नहीं बनाया जा रहा है।

दिल्ली, मुंबई, नोएडा और बेंगलुरु में ऐपल के स्टोर्स के बाहर काफी भीड़ देखी गई। एएनआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक कस्टमर हितेश पटेल ने कहा, &#39;मैं नासिक से यहां आया हूं। हम कल रात 10 बजे से लाइन में लगे हुए हैं। मुझे सुबह 8 बजे का पहला स्लॉट मिला है। इसके बाद, हमें अपना प्रोडक्ट मिल जाएगा। मैं हर साल मोबाइल बदलता हूं। अभी मेरे पास 17 Pro Max है, और अब मैं 18 Pro Max लेने जा रहा हूं।&#39;

कब आएगा बेस मॉडल?

सूत्रों के मुताबिक भारत में बिकने वाले iPhone में से सिर्फ 15% ही Pro और Pro Max रेंज के होते हैं, इसलिए भारत में इनके प्रोडक्शन का लगभग 80-90% हिस्सा विदेशों में भेजा जाएगा। यह पहली बार है जब Apple ने iPhone का कोई कंज्यूमर या बेस वर्जन लॉन्च नहीं किया है। माना जा रहा है कि अगले साल की पहली तिमाही में iPhone 18 आ सकता है। भारत में बिकने वाले iPhone में बेस मॉडल की हिस्सेदारी 80-85% होती है।

Apple के दुनियाभर में सैकड़ों स्टोर्स हैं। कंपनी जब भी नया प्रोडक्ट लॉन्च करती है तो उसके स्टोर्स पर भीड़ का उमड़ना आम बात है। इसका फोन या दूसरे प्रोडक्ट आज स्टेटस सिंबल बन गए हैं। कंपनी के हर नए प्रोडक्ट का मीडिया और आम जनता बेसब्री से इंतजार करती है। इसकी वजह यह है कि इन्हें लेकर दुनिया में गजब की दीवानगी है। यही वजह है कि इसके इकोसिस्टम पर कब्जा करने के लिए अमेरिका, चीन और भारत में होड़ मची है।

क्या है खासियत?

इसकी सबसे बड़ी खासियत है मजबूत ब्रांड आइडेंटिटी। जो एक बार इस कंपनी का प्रोडक्ट खरीद लेता है, वह दूसरी कंपनियों के प्रोडक्ट्स की तरफ झांकता भी नहीं है। कंपनी का फोकस हमेशा यूजर के अनुभव पर रहता है और वह हर बार पिछली बार से बेहतर प्रोडक्ट लाती है। यूजर्स का मानना है कि कंपनी का हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर भी दूसरी दुनिया का है और यही बात उसे दुनिया की बाकी टेक कंपनियों से अलग करती है।

कितनी है कीमत?

भारत में आईफोन 18 प्रो की 256 जीबी स्टोरेज वाले मॉडल की कीमत 1,64,900 रुपये है जबकि 512 जीबी वाला मॉडल 1,89,900 रुपये का है। इसी तरह 18 प्रो मैक्स के 256 जीबी स्टोरेज वाले मॉडल की कीमत 1,79,900 रुपये और 512 जीबी वाले की कीमत 2,04,900 रुपये है। फोल्डेबल Duo फोन 265 जीबी वाला 2,99,900 रुपये का और 512 जीबी वाला 3,24,900 रुपये का है।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253360768058239.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[पवित्र पर्वत की परिक्रमा बनी मुसीबत! 2 श्रद्धालुओं की मौत, 300 फंसे; जानें ड्रिलबु-री-कोरा की कहानी]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/himachal-drilbu-ri-kora-sacred-mountain-2-pilgrims-dead-300-stranded</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 13:36:56 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/himachal-drilbu-ri-kora-sacred-mountain-2-pilgrims-dead-300-stranded</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253354160064844.jpg"> 


Drilbu Ri Kora: हिमाचल प्रदेश के लाहौल और स्पीति जिले में गुरुवार को पवित्र पहाड़ी ड्रिलबु-री-कोरा में परिक्रमा करने के दौरान बर्फ से ढके रास्ते पर फिसलने से दो तीर्थयात्रियों की मौत हो गई और 15 अन्य को मामूली चोटें आईं। लाहौल स्पीति आपदा प्रबंधन ने यह जानकारी दी है। ऐसे में इस पर्वत को लेकर क्या मान्यता है और क्यों लोग यहां जाते हैं, हम आपको बताने जा रहे हैं।

आपदा प्रबंधन अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की पहचान पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग की रहने वाली दावा डोमा भूटिया (74) और लाहौल और स्पीति के केलांग निवासी कुनू राम की बेटी यांगजिन (64) के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन ने प्रत्येक मृतक के परिवार को 25,000 रुपये की तत्काल राहत राशि प्रदान की है। अधिकारियों के अनुसार, यह घटना सुबह करीब साढ़े चार बजे उस दौरान हुई, जब क्षेत्र में अचानक बर्फबारी होने से ऊंचाई वाले क्षेत्र में बना मार्ग फिसलन भरा हो गया। उन्होंने बताया कि दोनों तीर्थयात्री बर्फ से ढके रास्ते पर फिसल कर गिर गए, जिससे उनकी मौत हो गई।

जिला प्रशासन और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की एक टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर शवों को बरामद करने के साथ घायलों को बचाया। उन्होंने बताया कि घायलों को केलांग के एक अस्पताल में ले जाया गया। इसी अस्पताल में शवों का पोस्टमार्टम भी किया जा रहा है।

300 लोग यात्रा पर गए थे

एसपी शिवानी मेहला ने बताया कि पवित्र ड्रिलबु-री-कोरा यात्रा में लगभग 300 लोगों ने हिस्सा लिया और 2 लोगों की मौत हुई है। लाहौल स्पीति से पूर्व मंत्री राम लाल मारकंडे ने बताया कि पवित्र ड्रिलबुरी पर्वत की परिक्रमा पर निकली दो महिला श्रद्धालुओं की दुखद मृत्यु होने की सूचना मिली है। माना जा रहा है कि ठंड और गिरने की वजह से दोनों श्रद्धालुओं की मौत हुई है। क्योंकि बर्फबारी के चलते यहां पर पारा काफी गिर गया था। ऐसे हालात को हाईपोथर्मिया कहा जाता है। हाईपोथर्मिया के दौरान शरीर की गर्मी काफी तेजी से कम हो जाती है और बहुत ठंड लगती है।

क्या है मान्यता?

लाहौल घाटी के तांदी में चंद्रभागा संगम स्थल के ठीक ऊपर स्थित ड्रिलबुरी पर्वत है और इसे आचार्य मतीसार गुरु घंटापा का पीठ स्थान माना जाता है। नालंदा विश्वविद्यालय के आचार्य मतिसार 7वीं शताव्दी में लाहौल घाटी थे और उन्होंने ड्रिलबुरी पर्वत की गुफाओं में घोर तप और साधना की थी। ड्रिलबुरी पर्वत को करगयुद्पा सम्प्रदाय के इष्ट देव चक्रसंवर का भी पीठ स्थान माना जाता है। ऐसे में धार्मिक महत्व को देखते हुए इस स्थान की दलाई लामा, गलदान त्रिपा, गेलौंग ड्रकपा, तकसंग रिम्बोचे भी यात्रा कर चुके हैं। इसी वजह से लोग इस पहाड़ की परिक्रमा के लिए जाते हैं। ड्रिलबुरी पर्वत करीब 9 किमी सीधी चढ़ाई के बाद करीब 15 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित है। बौद्ध धर्म में ड्रिलबुरी पीक की एक परिक्रमा को कैलाश पर्वत की 13 परिक्रमा करने के बराबर माना गया है।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253354160064844.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[Dehradun:140 युवाओं से CM धामी का संवाद, जानेंगे विकसित उत्तराखंड का विजन]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/dehradun-yuva-samvad-cm-dhami-140-youth-developed-uttarakhand-vision</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 13:21:41 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/dehradun-yuva-samvad-cm-dhami-140-youth-developed-uttarakhand-vision</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253345009667619.jpg"> 

Dehradun Yuva Samvad: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शुक्रवार को प्रदेशभर के 140 युवाओं से विकसित उत्तराखंड का विजन सुनेंगे। जेन-जी के विचारों को नीति निर्धारण से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री ने नई पहल की है।

प्रदेश सरकार ने कैसा हो मेरे सपनों का उत्तराखंड अभियान के तहत युवाओं से विचार व सुझाव मांगे थे। 2,67,744 विद्यार्थियों ने अपने विचार सरकार को भेजे, जिसमें 140 चयनित युवा मुख्यमंत्री धामी को अपने विजन की रिपोर्ट देंगे। युवा विद्यार्थी मंथन के लिए चयनित 140 विद्यार्थियों को 12वीं के बाद कॅरिअर कोचिंग के लिए दो लाख रुपये तक की स्कॉलरशिप दी जाएगी।

मुख्यमंत्री धामी ने इस संवाद को और अधिक व्यापक एवं सार्थक बनाने के लिए शासन के वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों और विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों को भी जेन-जी के इन युवाओं के साथ संवाद करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के साथ संवाद से पहले वरिष्ठ अधिकारी विद्यार्थियों के साथ बैठकर उनके विचार, सुझाव और प्रदेश के भविष्य को लेकर उनके विजन को समझेंगे। शिक्षा, स्वास्थ्य, वन एवं पर्यावरण, स्वरोजगार, पलायन, लोक निर्माण, आईटी, पर्यटन, महिला एवं बाल विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े विभागों के प्रमुख युवाओं के सुझाव सुनेंगे और उनके महत्वपूर्ण विचारों से मुख्यमंत्री को अवगत कराएंगे।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर शुरू किए गए इस अभियान में प्रदेश के करीब तीन लाख 11वीं और 12वीं के विद्यार्थियों को जोड़ा गया। इनमें से 2,67,744 विद्यार्थियों ने ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से कैसा हो मेरे सपनों का उत्तराखंड विषय पर अपने विचार और सुझाव सरकार तक पहुंचाए।

युवाओं के विचारों को नीति-निर्धारण का हिस्सा बनाएगी सरकार

मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं की ओर से दिए गए सार्थक व उपयोगी सुझावों को सरकार की नीतियों और विकास की दिशा में शामिल किया जाएगा। उनका कहना है कि युवा जिस उत्तराखंड की कल्पना कर रहे हैं उसे समझना और उस विजन को विकास की योजनाओं से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है। हम इस पीढ़ी को इंडियन जेनरेशन मानते हैं। इनके साथ वैचारिक मंथन करने से हमें बहुत से नए विचारों को जानने और समझने का अवसर मिला है। यह पीढ़ी उत्तराखंड का भविष्य है।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253345009667619.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[विपक्ष पर बरसे ओपी राजभर, बोले- ‘टूलकिट तैयार, एक-दो दिन में मचेगा तेल जल गया का हल्ला’]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/op-rajbhar-targets-congress-sp-left-toolkit-row</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 13:02:07 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/op-rajbhar-targets-congress-sp-left-toolkit-row</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253333275250419.jpg"> 

OP Rajbhar: प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर सेवा संकल्प अभियान के तहत आशीर्वाद का दीया जलाए जाने को लेकर कांग्रेस, सपा और वामपंथियों पर तीखा हमला बोला है।

सोशल मीडिया पर किए गए पोस्ट में उन्होंने कहा कि एक-दो दिन रुकिए, हो-हल्ला होने वाला है। हल्ला होगा कि तेल जल गया, त्राहि-त्राहि हो गई। इसका टूलकिट भी तैयार है, बस हल्ले का इंतजार कीजिए।

राजभर ने कहा कि पूरे देश ने घांची-तेली समाज से आने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन मनाया। अति पिछड़े और दलित समाज के लोगों ने सेवा संकल्प अभियान से खुद को खुशी-खुशी जोड़ा। जनता से आशीर्वाद मांगा और हर्षोल्लास के साथ आशीर्वाद का दीया जलाया।

सबसे ज्यादा हल्ला कांग्रेस के टूलकिट वामपंथी और सपाई मचाएंगे

राजभर ने सवाल किया कि इससे बुरा किसे लगा? उन्होंने कांग्रेस, सपा और वामपंथी सवर्णों का नाम लेते हुए कहा कि अब यही लोग चिल्लाएंगे कि इतना तेल जल गया, बाती जल गई और दीया बर्बाद हो गया। उन्होंने कहा कि देख लीजिएगा, सबसे ज्यादा हल्ला कांग्रेस के टूलकिट वामपंथी सवर्ण और सपाई मचाएंगे।

उन्होंने कहा कि वामपंथी सवर्णों को छोड़ दिया जाए तो पूरा सवर्ण समाज उनके साथ है। सबसे ज्यादा दिक्कत उस खास जमात को है, जो वर्षों से समाज में अपना वैचारिक जहर बो रही है।

वामपंथ की ऊंची कुर्सियों पर कौन बैठा था, यह भी देखिए

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि अति पिछड़ों, दलितों और बहुजनों को एक बार उन वामपंथी नेताओं की जाति भी देखनी चाहिए, जो दिन-रात उन्हें जाति और ब्राह्मणवाद समझाते हैं। वामपंथी विचार की ऊंची कुर्सियों पर कौन बैठा था, कौन बैठा है और कौन बैठेगा, यह भी देखना चाहिए। राजभर ने दावा किया कि सभी वामपंथी अगड़े मिलेंगे।

उन्होंने कहा कि ब्राह्मणवाद के नाम पर गाली किसे दिलाई जाती है और विचार की दुकान किसके हाथ में है, तस्वीर अपने आप साफ हो जाएगी।

गरीब और सामान्य परिवार से निकला व्यक्ति पसंद नहीं

राजभर ने कहा कि वास्तव में ये राजा और राज परिवारों के इर्द-गिर्द जीने वाले लोग हैं। गरीब और सामान्य परिवार से निकलकर कोई व्यक्ति अपने दम पर ऊपर पहुंचे, यह इन्हें कतई पसंद नहीं आता। चाहे वह मोदी हों, राजभर हों, निषाद हों या किसी अन्य दलित या अति पिछड़े समाज से निकला कोई व्यक्ति।

मार्क्स-लेनिन को मानने वाले अचानक अंबेडकरवादी हो गए

राजभर ने वामपंथी और समाजवादी राजनीति पर तंज कसते हुए कहा कि कल तक मार्क्स और लेनिन को मानने वाले अचानक अंबेडकरवादी हो गए। लोहिया और जेपी के नाम पर पार्टी चलाने वाले अचानक रंग बदलकर जय भीम करने लगे। इतनी जल्दी विचार, नारे और महापुरुष बदल जाएं तो यह सोचने वाली बात है।

उन्होंने कहा कि अति पिछड़ों और दलितों को वर्षों से अपने विचारों के जाल में फंसाने की कोशिश एक खास जमात ने की। उन्होंने इसे आइडेंटिटी क्राइसिस से जूझ रही जमात बताते हुए कहा कि इसे सबसे ज्यादा परेशानी तब होती है, जब अति पिछड़ा, दलित और बहुजन इनके बताए रास्ते के बजाय अपना रास्ता खुद चुनने लगता है। घांची-तेली समाज से आने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी इन्हें यही परेशानी है।

भारतीय वामपंथ कांग्रेस की प्रयोगशाला

राजभर ने कहा कि वास्तव में भारतीय वामपंथ कांग्रेस की प्रयोगशाला है, जहां देश और समाज को बांटकर कुछ परिवारों की गुलामी करने की ट्रेनिंग मिलती है। उन्होंने कहा कि सारे वामपंथी अंत में वहीं नौकरी करते हैं।

पिछड़ा-दलित समाज अब जाग गया

पोस्ट के आखिर में राजभर ने कहा कि पिछड़ा-दलित समाज अब जाग गया है। आपके चेहरे पर लगा नकाब उतर चुका है। आप जितना पिछड़ों-दलितों को बांटने की कोशिश करेंगे, वे उतना ही जुड़ते जाएंगे। उन्होंने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव को टैग करते हुए लिखा, बस देखते जाइए।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253333275250419.jpg" width="75" height="50"/></item><item><title><![CDATA[ अमेरिका में आज से Green Card के नए नियम, भारतीयों पर कितना असर? जानें किसकी बढ़ेगी मुश्किल]]></title><link>https://www.jantatv.com/news/us-green-card-new-rules-september-18-indians-impact</link><pubDate>Fri, 18 Sep 2026 12:50:52 +0530</pubDate><dc:creator></dc:creator><guid isPermaLink="true">https://www.jantatv.com/news/us-green-card-new-rules-september-18-indians-impact</guid><description><![CDATA[<img src="https://www.jantatv.com/upload/news/639253326521260884.jpg"> 

US Green Card: अमेरिका ने ग्रीन कार्ड (स्थायी निवास) के लिए आवेदन करने वाले कुछ लोगों के सरकारी मदद पर निर्भर होने की संभावना का आकलन करने के तरीके में एक बड़ा बदलाव किया है। 18 सितंबर यानी आज से अमेरिका का यह नया इमिग्रेशन नियम लागू हो गया है, जो स्थायी निवास के लिए आवेदन करने वाले लोगों की आर्थिक और व्यक्तिगत स्थितियों के मूल्यांकन के सरकारी तरीके को बदलता है।

इस बदलाव के केंद्र में पब्लिक चार्ज टेस्ट है, जो अमेरिकी इमिग्रेशन कानून का एक पुराना प्रावधान है। यह अधिकारियों को यह तय करने की अनुमति देता है कि क्या प्रवेश या स्टेटस में बदलाव चाहने वाले किसी व्यक्ति के मुख्य रूप से सरकारी सहायता पर निर्भर होने की संभावना है। होमलैंड सिक्योरिटी विभाग ने पिछले नियमों को संशोधित करते हुए US सिटिजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेज को आवेदक की परिस्थितियों की समग्र जांच करने के लिए ज़्यादा अधिकार दे दिए हैं।

अमेरिका में बड़ी संख्या में भारतीय पेशेवर रोजगार-आधारित इमिग्रेशन के जरिए स्थायी निवास पाना चाहते हैं, जिसमें H-1B स्टेटस पर कई साल बिताने के बाद आवेदन करना भी शामिल है। हालांकि, सरकारी सुविधा का इस्तेमाल करने का मतलब यह नहीं है कि ग्रीन कार्ड का आवेदन अपने-आप खारिज हो जाएगा। USCIS का कहना है कि अधिकारी आवेदक की सभी परिस्थितियों पर विचार करेंगे और हर मामले के आधार पर निष्पक्ष फैसला लेंगे।

भारतीय आवेदकों, खासकर उन लोगों के लिए जो H-1B या दूसरे अस्थायी स्टेटस से स्थायी निवास की ओर बढ़ रहे हैं, &#39;पब्लिक-चार्ज&#39; से जुड़े इन नए नियमों की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं।

मुख्य बदलाव क्या है?

अमेरिका ने ग्रीन कार्ड के नियमों में बदलाव किया है। अब अधिकारी यह चेक करते हैं कि कहीं आवेदक भविष्य में सरकारी मदद जैसे मुफ्त राशन, रहने के लिए सहायता या नकद मदद पर तो निर्भर नहीं हो जाएगा। यह नया नियम 18 सितंबर, 2026 से लागू हो चुका है।

तारीख का ध्यान रखें: यह नया नियम 18 सितंबर, 2026 या उसके बाद भरे गए &#39;फॉर्म I-485&#39; (स्टेटस बदलने के आवेदन) पर लागू होता है। इससे पहले के पेंडिंग आवेदनों पर पुराने नियम ही चलेंगे।

सिर्फ सैलरी नहीं, पूरी जिंदगी की जांच: ग्रीन कार्ड मिलने का फैसला सिर्फ इस बात पर नहीं होगा कि आप कितना कमाते हैं। USCIS आपकी उम्र, सेहत, परिवार, बचत, पढ़ाई और स्किल, इन सभी को एक साथ देखकर फैसला करेगा।

सरकारी फायदों का दायरा: अगर आपने पहले कभी कोई सरकारी मदद जैसे फूड कूपन, हाउसिंग या हेल्थकेयर ली है, तो अधिकारी उस पर भी गौर कर सकते हैं। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि आपका फॉर्म तुरंत खारिज हो जाएगा।

पुराने लाभ माफ: 18 सितंबर, 2026 से पहले अगर आपने कोई सरकारी फायदा लिया था, तो उसे पुराने नियमों के हिसाब से ही देखा जाएगा। नए नियमों का असर उसके बाद की स्थिति पर होगा।

भारतीय H-1B वर्करों पर असर: जो भारतीय प्रोफेशनल्स H-1B वीजा से ग्रीन कार्ड जैसे EB-1, EB-2, या EB-3 कैटेगरी की तरफ बढ़ रहे हैं, उनके लिए यह जानना जरूरी है। सिर्फ भारतीय होने या H-1B पर होने से कोई &#39;पब्लिक चार्ज&#39; नहीं बनता, सबकी अलग-अलग जांच होगी।

परिवार वाले भी दायरे में: यह नियम सिर्फ नौकरीपेशा लोगों के लिए नहीं है। जो लोग परिवार के किसी सदस्य (जैसे पति/पत्नी या माता-पिता) के जरिए ग्रीन कार्ड ले रहे हैं, उन पर भी यह लागू हो सकता है।

किसे छूट मिली है? शरणार्थियों और कुछ खास मानवीय मामलों वाले लोगों को इस नियम से छूट दी गई है।

कोई फिक्स सैलरी लिमिट नहीं: ऐसा कोई नियम नहीं है कि अगर आपकी सैलरी एक तय सीमा से कम है तो आप फेल हो जाएंगे। अधिकारी आपकी पूरी वित्तीय स्थिति और योग्यता को परखते हैं।

स्पॉन्सर का हलफनामा: यदि आपके पास &#39;फॉर्म I-864&#39; (स्पॉन्सरशिप) है, तो अधिकारी उसे भी देखेंगे, जो यह भरोसा देता है कि कोई दूसरा व्यक्ति आपकी आर्थिक मदद करेगा।

पब्लिक-चार्ज बॉन्ड: अगर अधिकारी को लगता है कि आपके सरकारी मदद पर जाने का थोड़ा भी खतरा है, तो वे आपको &#39;फॉर्म I-945&#39; (बॉन्ड) जमा करने के लिए कह सकते हैं। आप खुद से यह बॉन्ड नहीं भर सकते, एजेंसी के कहने पर ही भरना होता है।
]]></description><media:thumbnail url="https://www.jantatv.com/upload/news/639253326521260884.jpg" width="75" height="50"/></item></channel></rss>